श्री स्वामीनारायण आरती – Shri Swaminarayan Aarti
श्री स्वामीनारायण आरती का – सार (भावार्थ) यह आरती भगवान स्वामीनारायण के दिव्य, करुणामय और सर्वोच्च स्वरूप का भक्तिपूर्ण स्तवन …
श्री स्वामीनारायण आरती का – सार (भावार्थ) यह आरती भगवान स्वामीनारायण के दिव्य, करुणामय और सर्वोच्च स्वरूप का भक्तिपूर्ण स्तवन …
बाबा बालक नाथ जी की आरती का सार (भावार्थ) यह आरती बाबा बालक नाथ जी के वैराग्य, करुणा और भक्त-वत्सल …
“दूलह देवा” सिंधी समाज के आराध्य देवता झूलेलाल का ही एक पावन नाम है। उन्हें वरुण देव (जल के देवता) …
बाल कृष्ण जी की आरती का सार (भावार्थ) यह आरती भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप (बाल गोपाल / लड्डू गोपाल) …
उज्जैन के महाकाल की आरती का सार (भावार्थ) उज्जैन की महाकाल की आरती भगवान शिव के महाकाल स्वरूप का भक्तिपूर्ण …
महाकाल जी की आरती का – सार (भावार्थ) महाकाल जी की आरती बाबा महाकाल के उस विराट स्वरूप का गान …
माँ महामाया की आरती का – सार (भावार्थ) यह आरती माँ महामाया के करुणामय, सर्वशक्तिमान और विश्वपालक स्वरूप का गहन …
द्वापर युग में जब भगवान विष्णु ने श्रीकृष्ण के रूप में अवतार लिया, तब उनसे ठीक पहले माँ दुर्गा ने …
चिंतपूर्णी देवी की आरती का – सार (भावार्थ) चिंतपूर्णी देवी की आरती, माँ चिंतपूर्णी को “भोली माँ” कहकर उनके करुणामय, रक्षक …
चामुण्डा माता की आरती का – सार (भावार्थ) चामुण्डा माता की आरती, माँ चामुण्डा की अपार शक्ति, करुणा और रक्षक स्वरूप …